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मित्र मंडली

इस पोस्ट में मेरे ब्लॉग के फॉलोवर/अनुसरणकर्ता के हिंदी पोस्ट के लिंक के साथ उस पोस्ट के प्रति मेरी भावाभिव्यक्ति सलंग्न रहती है। पोस्ट का चयन साप्ताहिक आधार पर होता है।

मित्र-मंडली प्रकाशन का उद्देश्य मेरे मित्रों की रचना को ज्यादा से ज्यादा पाठकों  तक पहुँचाना है। 

आप सभी पाठकगण से निवेदन है कि दिए गए लिंक के पोस्ट को पढ़ कर टिपण्णी के माध्यम से अपने विचार जरूर लिखें। यकीं करें ! आपके द्वारा दिया गया विचार लेखकों के लिए अनमोल होगा।  

प्रार्थी 

राकेश कुमार श्रीवास्तव "राही"
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पुराने मित्र मंडली अंक 1 से  39 देखने के लिए क्लिक करें। 

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मित्र मंडली -52  

इस सप्ताह के सात रचनाकार 

यशोदा अग्रवाल 

"किसी से मिलकर गीत गुनगुनाने एवं कविता लिखने का मन करे तो एक बात तय है की ये इक आग का दरिया है और डूब के जाना है ।  सुन्दर  भावपूर्ण प्रस्तुति।  "  

तल्खियाँ

मीना शर्मा जी 

श्वेता सिन्हा जी 

"किसी को दिल से चाहा हो तो ऐसे उदगार स्वाभाविक है । सुन्दर भाव पूर्ण प्रस्तुति।  "

लोहड़ी --------- उल्लास का पर्व --

रेणु  बाला जी  

"पंजाब  का लोकपर्व लोहड़ी को सुन्दर ढंग से परिभाषित करती आलेख।  "

"वो" (2)

मीना भारद्वाज  जी 

"छोटे से किरदार को सशक्त एवं नया आयाम देती कहानी। सुन्दर उद्देश्यपूर्ण प्रस्तुति। "

हवा गर्म हो रही है....

रवींद्र सिंह यादव जी 

आशा है कि मेरा प्रयास आपको अच्छा लगेगा ।  आपका सुझाव अपेक्षित है। अगला अंक 22-01-2018  को प्रकाशित होगा। धन्यवाद ! अंत में ....
मेरी दो प्रस्तुति  : 



http://rakeshkirachanay.blogspot.in/2018/01/blog-post.html



बेहतरीन रचनाओं का संकलन मित्रमंडली पर.... अपनी रचना के चुने जाने से उत्साहित हूँ और प्रसन्न भी ।
आदरणीय राकेशजी, आपकी सभी रचनाएँ पढ़ी हैं मैंने । पक्षियों के फोटोग्राफ भी बहुत ही सुंदर लाते हैं आप...सादर धन्यवाद मेरी रचना को शामिल करने हेतु ।- Meena Sharma

आदरणीय राकेश जी -- आज के संकलन की सभी रचनाएँ पढ़ी | केवल श्वेता जी रचना पर लिख नहीं पाई सो उन्हें यहीं से अपनी शुभकामना देती हूँ | मेरी रचना को स्थान देने लिए बहुत आभारी हूँ आपकी | ये छोटी सी रचना मेरे लिए बहुत खास है क्योकि पिछले साल शब्द नगरी पर इसी रचना से मेरे ऑनलाइन लेखन की शुरुआत हुई थी | ये त्यौहार भी मुझे बहुत पसंद है | कंपकंपाती सर्दी में ये शीत हो चुके रिश्तो में नयी उष्मा जगाने में सक्षम है | आपको लोहड़ी और मकर संक्रांति पर्व की बधाई और शुभकामना | आज के संकलन के सभी रचनाकार मित्रों को हार्दिक बधाई | और आपके सराहनीय चयन के लिए आपको भी बहुत बधाई देती हूँ |- Renu

बहुत‎ खूबसूरत रचनाएँ .मेरी कहानी को संकलन में मान देने के लिए‎ तहेदिल से आभार .चयनित रचनाकारों को बधाई एवं शुभ‎कामनाएँ- Meena Bhardwaj

जी ,आदरणीय राकेश जी,सदैव की भाँति बेहद सराहनीय रचनाओं का संकलन,आपके सुंदर विचारों के साथ,बहुत अच्छी लगी। मेरी रचना को स्थान देने के लिए हृदय से अति आभार आपका।- sweta sinha

सर्वप्रथम आप सभी को मकरसंक्रांति की हार्दिक बधाई राकेश जी आपको मेरी नन्ही सी कोशिश पसन्द आई बहुत आभार



शुभ प्रभात,शानदाक साप्ताहिकी
रचनाएँ एक से बढ़कर एक,आभार,सादर-yashoda agrawal


मित्र मंडली -53  

इस सप्ताह के नौ रचनाकार 


 " सुन्दर प्रस्तुति। "
आशा है कि मेरा प्रयास आपको अच्छा लगेगा ।  आपका सुझाव अपेक्षित है। अगला अंक 29-01-2018  को प्रकाशित होगा। धन्यवाद ! अंत में ....
मेरी दो प्रस्तुति  : 
http://rakeshkirachanay.blogspot.in/2018/01/44-photography-bird-44.html
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सुंदर प्रस्तुति ...
आभार मेरी रचना को जगह देने का ...Digamber Naswa

सुंदर रचनाओं के संकलन.में मेरी रचना को मान देने कए लिए तहेदिल से अति आभार आपका राकेश जी।-sweta sinha

बहुत उम्दा रचनायें
सुंदर संकलन-Lokesh Nashine


लाजवाब प्रस्तुतिकरण के साथ उम्दा लिंक संकलन....
मेरी रचना को स्थान देने के लिए हृदय से आभार एवं धन्यवाद, राकेश जी !-Sudha Devrani


हृदयपूर्वक आभार आदरणीय राकेश जी ! आपके द्वारा चयनित रचनाओं को पढ़ना बेहतरीन अनुभव होता है।
आदरणीय रवींद्रजी को प्रथम पुस्तक प्रकाशन पर असीम बधाइयाँ ।-Meena Sharma


आदरणीय राकेश जी -- आज के लिंकों की सभी रचनाएँ पढ़ी | सभी रचनाएँ बहुत ही अच्छी और सार्थक हैं |मेरी गद्य रचना को आजके लिंक में शामिल करने के लिए हार्दिक आभार और नमन आपको | र्मेरी रचना पर आपका चिंतन इसके विषय को विस्तार देता है | आपने इसके दुसरे पक्ष को भी रखा -- जो शायद मेरे दिमाग में कभी नहीं आया | आजके संकलन के सफल आयोजन पर आपको बहुत बधाई और बसंत पंचमी की कोटिश शुभकामनाएं | माँ शारदे आपकी रचनात्मकता को निरंतर नये आयाम दे यही कामना है | आदरणीय रविन्द्र जी को उनकी प्रथम पुस्तक के प्रकाशन के लिए अनंत शुभकामनाएं |-Renu


बढ़िया ।-सुशील कुमार जोशी (SKJoshi)


शुभ संध्या राकेश भाई...
बेहतरीन रचनाएँ चुनी आपने...
सादर....।-Digvijay Agrawal

मित्र मंडली -54

इस सप्ताह के सात रचनाकार 

"आदत जो अच्छी हो जो दिल को सच्ची लगती हो उसको बदलने की जरूरत नहीं परन्तु जो आदत अच्छी एवं सच्ची न हो उसे बदलने में भी हर्ज नहीं है कम से कम कोशिश तो अवश्य करनी चाहिए। "

"हम सभी केवल अपनी अधिकारों की बातें करते हैं । इसी के मद्देनज़र 1976 में नागरिकों के कर्तव्यों को संविधान में जोड़ा गया। परन्तु इस भागमभाग की ज़िन्दगी में कहीं ना कहीं हम नैतिकता को अनदेखी करते हैं। विचारणीय आलेख और व्यंग करती कविता। सुन्दर प्रस्तुति। "

जिन्होंने वारे लाल वतन पे--- कविता --

रेणु  बाला जी  

इक दुर्घटना

पुरुषोत्तम कुमार सिन्हा जी 

ये ज़िन्दगी!

विजय बोहरा  जी

इश्क़ है

पंकज भूषण पाठक जी


आशा है कि मेरा प्रयास आपको अच्छा लगेगा ।  आपका सुझाव अपेक्षित है। अगला अंक 05-02-2018  को प्रकाशित होगा। धन्यवाद ! अंत में ....
मेरी दो प्रस्तुति  : 

http://rakeshkirachanay.blogspot.com/2018/01/45-photography-bird-45.html

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2 तकनीकी युग के बच्चे

http://rakeshkirachanay.blogspot.com/2018/01/blog-post_26.html






बहुत सुन्दर प्रस्तुति। एक से बढ़कर एक रचनाएं और रचनाकार। बधाई और शुभकामनाएं सभी के लिये।-सुशील कुमार जोशी (SKJoshi)

बहुत‎ सुन्दर‎ संकलन. मेरी रचना‎ को संकलन में स्थान देने के लिए‎ तहेदिल से शुक्रिया.-Meena Bhardwaj

बेहतरीन रचनाएँ पढ़वाई आपने
आभार
शुभकामनाएँ
सादर-yashoda agrawal

सुंदर प्रयास..Anita Nihalani

मित्र मण्डली प्रस्तुति में मेरी पोस्ट शामिल करने हेतु आभार!-Kavita Rawat

उत्तम संकलन। 
मेरी छोटी सी रचना को यहां स्थान देने और इतनी सुन्दर भावाभिव्यक्ति के लिए बहुत -बहुत धन्यवाद-vijay Bohra

आदरणीय राकेश जी बेहतरीन रचनाओं का गुलदस्ता तैयार.किया है आपने, सारी कविताएँ.प्रेरक एवं बहुत सुंदर हैं। इस गुलदान.में मेरी.रचना पुष्प.को स्थान देने कआ हृदयतल.से आभार।-sweta sinha

मित्र मंडली -55  

इस सप्ताह के ग्यारह महिला रचनाकार 


दिल में बसाए रहिये

शकुंतला शकु जी 

शब्दों में प्यार कहूँ कैसे ?

मीना शर्मा जी 

इन्द्रधनुष- मधुर मिलन की परछाई.....

नीतू ठाकुर   जी 

"भड़ास"

मीना भारद्वाज  जी 

"स्त्री सम्मान की आवाज़ को बुलंद करती सुन्दर कविता। विचारणीय प्रस्तुति ।"

तुम्हारे कहने से चलो मुस्कुरा देती हूँ..!

अनु अन्न लागुरी  जी 

श्वेता सिन्हा जी 

"स्त्री के कोमल मन एवं उसके अस्तित्व को स्पष्ट करती सुन्दर भावपूर्ण कविता । "

चाँद साक्षी आज की रात --- कविता

रेणु  बाला जी  

कैसे तुझको प्यार करूँ

कविता  रावत जी 

"आज और कल" 

कुलदीपक

हो रहे पात पीत

यशोदा अग्रवाल  

"बसंत का आगमन हो तो मन बावरा हो ही जाता है, ऐसी ही अवस्था में लिखी गई सुन्दर  भावपूर्ण कविता। " 

आशा है कि मेरा प्रयास आपको अच्छा लगेगा ।  आपका सुझाव अपेक्षित है। अगला अंक 12-02-2018  को प्रकाशित होगा। धन्यवाद ! अंत में ....
मेरी दो प्रस्तुति  : 







2 .हाइकु - बसंत

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मेरी रचना को स्थान देने के हार्दिक धन्यवाद आदरणीय











Lokesh Nashine

 

क्षमा चाहूंगी, आदरणीय व्यस्त्त होने के कारण आपके निमंत्रण को देख नहीं पाई, बहुत खुशी हुई आपने मेरी रचना को मित्र मंडली में शामिल किया.. भविष्य में दोबारा ऐसी भुल ना हो ध्यान रखुंगी धन्यवाद।-

अनीता लागुरी (अनु)

आदरणीय राकेश जी --- सुंदर लिंकों से सजा आज का महत्वपूर्ण अंक पढ़ा | सभी रचनाएँ बेतरीन और पठनीय हैं | मेरी रचना को स्थान दिया , हृदय तल से आभारी हूँ | सफल संयोजन के लिए आपको हार्दिक बधाई | सभी रचनाओ पर आपकी टिपण्णी रचना का सार होती है और उनके विषय को विस्तार भी मिलता है | सादर --Renu

सुन्दर मित्रमंडली परिचर्चा में मेरी पोस्ट शामिल करने हेतु आभार!-

Kavita Rawat


आदरणीय राकेशजी, मेरी रचना को मित्रमंडली में शामिल करने हेतु सादर आभार ! पठनीय रचनाओं का संकलन ।-Meena Sharma

बेहद खूबसूरत लिंक संयोजन. चयनित रचनाकारों को बधाई. मेरी रचना‎ को इस पुष्पगुच्छ में स्थान देने के लिए‎ तहेदिल से शुक्रिया.-Meena Bhardwaj

शुभ दिवस भाई जी
आभारी हूँ
चुनिन्दा साप्ताहिक रचनाएं हरदम पठनीय होती है
सादर-yashoda agrawal
आदरणीय आपका बहुत आभार मेरी रचना को 'मित्रमंडली' मे स्थान देने के लिए शुक्रिया

शानदार प्रस्तुति।
सभी रचनाकारों को बधाई सभी रचनाऐं बहुत सुंदर।-Kusum Kothari

आदरणीय राकेश जी मेरी लिखी रचना को मित्र मंडली में शामिल करने के लियें आभार
सभी रचनाकार और रचनायें उत्तम कोटि की सराहनीय ।-Ritu Asooja Rishikesh

मित्र मंडली -56

इस सप्ताह के सात  रचनाकार 


"ताँका"

मीना भारद्वाज  जी 

"जापानी ताँका शैली में रचित सुन्दर कविता और आशा है कि जापानी चोका शैली में लिखी आपकी कविता पाठकों को पढ़ने को मिलेगी। "

एक और सियासत

"कासगंज की मार्मिक घटना पर तथाकथित बुद्धिजीवी वर्ग और मीडिया में कोई खास सुगबुगाहट नहीं हुई, हम किसी के महिमा मंडित करने के पक्ष में नहीं हैं परन्तु किसी हत्या हुई उस हत्यारे के प्रति संवेदना अच्छी नहीं। हमारे देश में भीड़ का हिस्सा बन कर किसी की भी हत्या कर हत्यारा स्वच्छंदता से आज़ाद घूमता है, इसके हज़ारों मिसाल है। आखिर यह सिलसिला कब ख़त्म होगा।   सुन्दर भावपूर्ण कृति। "

हम रहें या न रहें पदचिन्ह रहने चाहिए 

जिया जो दूसरों के सपनों पर

रवींद्र सिंह यादव जी 


कुछ तो खुरच कागज को खून ना सही खुरचन ही सही भिगोने के लिये लाल रंग के पानी की कहानी की

सुशील कुमार जोशी  जी 

दिल का वादा।

पंकज भूषण पाठक जी

आशा है कि मेरा प्रयास आपको अच्छा लगेगा ।  आपका सुझाव अपेक्षित है। अगला अंक 19-02-2018  को प्रकाशित होगा। धन्यवाद ! अंत में ....
मेरी दो प्रस्तुति  : 


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2 .जंग-ऐ-आज़ादी यादगार भवन

http://rakeshkirachanay.blogspot.com/2018/02/blog-post.html









हम रहें या न रहें पदचिन्ह रहने चाहिए !-Meena Sharma 












हमेशा की तरह एक अलग तरह का सुन्दर प्रयास। आभार राकेश जी 'उलूक' के पन्ने का भी जिक्र करने के लिये।-सुशील कुमार जोशी (SKJoshi)


राकेश जी, बहुत सुंदर रचनाओं का गुलदस्ता है हमेशा की तरह ।-sweta sinha


आदरणीय राकेश जी -- निर्गुण भजम से लेकर सामाजिक चिंतन भरी रचनाओं के साथ प्रेम की अद्भुत छटा को संजोता अंक बहुत ही सार्थक है | सभी रचनाकार साथियों को हार्दिक बधाई | आपको भी सुंदर संकलन संजोने के लिए बधाई सर-Renu
सादर आभार आदरणीय राकेश जी ! वैलेंटाइन डे के रंग में सराबोर लेखन जगत के बीच मेरे ये भजन विसंगत लग सकते हैं। फिर भी आपने इसे स्थान दिया, आपका हार्दिक आभार !-Meena Sharma


बहुत ही सुंदर-Nitu Thakur

सदैव की भांति बेहद उम्दा प्रस्तुतीकरण. मुझे मेरी रचना‎ के माध्यम‎ से संकलन में सम्मिलित कर मान देने के लिए‎ तहेदिल से शुक्रिया राकेश जी.-Meena Bhardwaj

हमेशा की तरह एक अलग तरह का सुन्दर प्रयास। आभार राकेश जी 'उलूक' के पन्ने का भी जिक्र करने के लिये।-सुशील कुमार जोशी (SKJoshi)




मित्र मंडली -57

इस सप्ताह के सात  रचनाकार 


"अजनबी"

मीना भारद्वाज  जी 

"गाँव में अभी भी संयुक्त परिवार रहते है और यहाँ के रहने वाले - सभी निवासी,जीव-जंतु एवं प्रकृति से आत्मिक लगाव रखते हैं, वहीं सब सुख सुविधा होते हुए भी शहर सदैव बेगाना सा लगता है। सच्ची अनुभूति की सुन्दर प्रस्तुति।  "

आलोक बन बिखरना

मेरे दीप तुम्हें जलना होगा

सुधा देवरानी जी 

"हौसला बनाए रखने की सन्देश देती  सुन्दर अर्थ  पूर्ण कविता ।  "

लंच के बाद आना

हर्ष वर्धन जोग जी 

आशा है कि मेरा प्रयास आपको अच्छा लगेगा ।  आपका सुझाव अपेक्षित है। अगला अंक 26-02-2018  को प्रकाशित होगा। धन्यवाद ! अंत में ....

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Stream


अच्छा संकलन ... बधाई सभी को-Digamber Naswa

बहुत ही उम्दा लिंक संकलन एवं बेहतरीन प्रस्तुति करण...






मेरी रचना को स्थान देने के लिए बहुत बहुत धन्यवाद ,राकेश जी... Sudha Devrani


बहुत बहुत शुक्रिया आदरणीय राकेश जी। आज के सभी लिंक्स बहुत ही बढ़िया हैं 






और अपनी रचना को मित्रमंडली में पाकर मन अति प्रसन्न है। सादर आभार !-Meena Sharma


शुभ प्रभात राकेश भाई
अच्छी रयनाएं पढ़वाई आपने
आभार
सादर-yashoda agrawal

प्रभावशाली‎ परिचय के साथ बेहतरीन प्रस्तुतिकरण. हर रचना के साथ उस पर सारगर्भित टिप्पणी उस रचनाकार की हौसलाअफजाई के साथ रचना का मान बढ़ाने का काम करती है और यह आप हर लिंक संयोजन में कर सभी का उत्साहवर्धन करते हैं.मेरी रचना "अजनबी" को मान देने हेतु बहुत बहुत आभार .- 
'लंच के बाद आना' को शामिल करने के लिए धन्यवाद राकेश.-Harsh Wardhan Jog

आदरणीय राकेश जी हर बार की तरह आपकी सुंदर प्रस्तुति, सराहनीय रचनाओं के बीच मेरी रचना को स्थान देने.के.लिए तहेदिल से बहुत शुक्रिया आपका।--sweta sinha

मित्र मंडली -58

इस सप्ताह के नौ  रचनाकार 


गीत "तुमसे जीवन चलता है"

राधा तिवारी  जी  

गीत जिंदगी का

शकुंतला शकु जी 



बूढ़े होते हताश मन को, बच्चों सा नचाने को दौड़ें 

सतीश सक्सेना जी

सुबह का अखबार पकाये हुऐ ताजे समाचार और प्रिय कागा तेरी सुरीली आवाज एक जैसी आदतों में शामिल आदतें

सुशील कुमार जोशी  जी 

"अपने पराये"

मीना भारद्वाज  जी 

"बेटियों का दर्द बयाँ करती सुन्दर कविता। सच्ची अनुभूति की सुन्दर प्रस्तुति।  "

कहूँ किसको

लोकेश नशीने जी 

"अपने प्रिय से दूर रहने का दर्द और उसकी सुन्दर अभिव्यक्ति करती बेहतरीन ग़ज़ल।  सुन्दर बेहतरीन भावाभिव्यक्ति।"

एकाकी वेला

चौकीदार

रवींद्र सिंह यादव जी 

आशा है कि मेरा प्रयास आपको अच्छा लगेगा ।  आपका सुझाव अपेक्षित है। अगला अंक 05-03-2018  को प्रकाशित होगा। धन्यवाद ! अंत में ....

मेरी दो प्रस्तुति  : 

1.MEME SERIES - 1








2.आह!








 
आभार राकेश जी शामिल करने के लिये 'उलूक' की बकबक को भी :)

shakuntla shaku-

आपका बहुत आभार मेरी रचना को शामिल किया अपने सभी रचनाकारों को बधाई।


 
मित्र मंडली का ताज़ा अंक बेहतरीन रचनाओं से सुसज्जित है. सभी चयनित रचनाकारों को बधाई एवं शुभकामनायें. मेरी रचना चौकीदार को मित्र मंडली में स्थान देने के लिये आभार आदरणीय राही जी. सुन्दर प्रस्तुति के लिये बधाई.

बहुत खूब बढ़िया लिंक ,आभार सहित

 
प्रत्येक रचना पर आपका अमूल्य मत लिंक संयोजन की शोभा द्विगुणित कर देता है.अत्यन्त सुन्दर प्रस्तुतिकरण !!











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